टोंकखुर्द (विकेश जैन)। नगर में शक्ति माता मंदिर परिसर पर शक्ति महिला मंडल के तत्वाधान में दूसरे दिन चल रही नानी बाई रो मायरो की कथा का चिंतन पूज्या मोनिका दीदी शर्मा ने भगवान के नाम की महिमा बताते हुए कहा कि। हमारे वास्तविक जीवन में भी भगवान के नाम के सहारे से ही हम अपनी जीवन रूपी गाड़ी को पार कर सकते हैं। कथा प्रसंग में नरसिंह मेहता की गाड़ी टूट जाती है। नरसिंह मेहता भगवान को याद करते हैं। भगवान आते हैं। और नरसिंह मेहता की गाड़ी सुधारते हैं। गाड़ी को गाड़ीवान बनकर गाड़ी हांकते हैं। दीदी ने बताया कि भगवान दयालु है। नरसिंह मेहता की करुण पुकार सुनकर आते हैं। और नरसिंह मेहता के सारे मार्ग संवारते हैं।
भगवान सच्चे समर्पण एवं सच्चे भाव से आते हैं। सच्चा समर्पण नरसिंह मेहता के पास था। सच्चे समर्पण सच्चे भाव सच्चे प्रेम से हम भी भगवान को प्राप्त कर सकते हैं। माता पिता के प्रति कितनी आत्मा होती है बेटियों की। जितना आपका बेटा नहीं करेगा आपके लिए। उतना आपकी बेटी करेगी आपके लिए। बेटा अगर जन्म लेता है तो क्या धन वर्षा होती है। और बेटियों को जन्म से ही क्यों नकारा जाता है। जबकि इस युग में बेटियां भी पीछे नहीं है। किसी कार्य को करने के लिए। बेटिया है तो कल है। संगीतमय कथा सुनने महिलाएं व बुजुर्ग महिलाएं भाव विभोर होकर प्रभु के दरबार में नाच नाच कर प्रभु की भक्ति में लिप्त हो रही है।














