देवास। बीते वर्ष 3 सितंबर 2021 को शहर के पयोनियर स्कूल चौराहे के पास हुए आदर्श उर्फ सजल त्रिपाठी नामक युवक के हत्याकांड के मामले में आज माननीय न्यायालय द्वारा आज 4 फरवरी 2022 को निर्णय पारित कर आरोपीगण शुभम चौहान निवासी रानी बाग देवास तथा शैलेन्द्र उफ मंगल शर्मा निवासी न्यू मुखर्जी नगर देवास को आजीवन कारावास की सजा एवं प्रत्येक को पांच लाख दस हजार रूपये के जुर्माने से दंडित किया गया। न्यायालय द्वारा विशेष रूप से अर्थदंड की राशि दस लाख बीस हज़ार रुपए मृतक के परिजनों को प्रतिकर के रूप में प्रदान किये जाने का आदेश दिया गया।
मामले में राजेन्द्र सिंह भदौरिया, जिला अभियोजन अधिकारी, देवास द्वारा बताया कि. प्रकरण के फरियादी ओमप्रकाश ऊर्फ ओमी ने रिपोर्ट लिखायी थी कि बीते वर्ष 2 सितंबर 2020 को पायोनियर स्कुल चौराहे के पास विशाल शर्मा का मयंक शर्मा एवं उसके एक अन्य दोस्त से किसी बात को लेकर लड़ाई झगड़ा हो गया था। उक्त झगड़े को लेकर दिनांक 3 सितंबर 2020 के लगभग 2.30 बजे दिन में मृतक आदर्श उर्फ सजल त्रिपाठी जब अवी कैफे के पास पहले से मयंक शर्मा उसका भाई मंगल उर्फ शैलेन्द्र शर्मा, शुभम चौहान, शिव रघुवंशी विनीत गुप्ता मौजूद थे। सजल ने शिव रघुवंशी से राम राम की फिर मंगल उर्फ शैलेन्द्र से भी राम-राम की किन्तु मंगल उर्फ शैलेन्द्र ने राम राम का जवाब न देकर मृतक आदर्श उर्फ सजल के साथ उक्त पांचो आरोपीगण मारपीट करने लगे। मारपीट के दौरान शुभम चौहान और मंगल उर्फ शैलेन्द्र शर्मा ने चाकू निकालकर मृतक आदर्श उर्फ सजल पर जान से मारने की नीयत से हमला कर सीने में और पीछे तरफ कमर पर वार किया। जिससे मृतक आदर्श उर्फ सजल को गम्भीर चोट आकर खून निकलने लगा। मृतक जान बचाने के लिये कैफे हाउस में अन्दर घुस गया था। उक्त घटना को देख फरियादी और उसका दोस्त हितेश वर्मा मृतक को बचाने गये तो शुभम चौहान ने फरियादी को भी जान से मारने की नीयत से चाकू से मारा जो फरियादी के बॉए हाथ में तीन जगह एवं उंगलियों में गम्भीर चोटे आई। मृतक को इलाज हेतु गंभीर हालात में M.G. अस्पताल लाये थे। जहाँ पर डाक्टर ने चेकअप करने के बाद आदर्श उर्फ सजल त्रिपाठी को मृत घोषित कर दिया है। उक्ट घटना पर से मामला धारा 147, 148, 149, 307,302,294,324 IPC का पाया जाने से पंजीबद्ध किया गया एवं आरोपीगण को गिरफतार कर थाना सिविल लाईन प्रभारी संजय सिंह द्वारा विवेचना उपरान्त अभियोग पत्र माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया।
उक्त प्रकरण में अभियोजन की ओर से कुल 22 गवाह न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किये गये। माननीय न्यायालय द्वारा दिनांक 4 फरवरी 2022 को निर्णय पारित कर आरोपीगण शुभम चौहान पिता संतोष चौहान निवासी रानी बाग, देवास तथा शैलेन्द्र उफ मंगल शर्मा पिता कमल किशोर, निवासी न्यू मुखर्जी नगर, देवास को धारा 302 भादवि एवं 25 आर्म्स एकट में दोषी पाते हुये दोनों आरोपीगण को आजीवन कारावास की सजा एवं प्रत्येक पांच लाख दस हजार रूपये के जुर्माने से दंडित किया गया। माननीय पंचम अपर सत्र न्यायाधीश के न्यायालय द्वारा विशेष रूप से अर्थदंड की राशि हजार रूपये मृतक के परिजनों को प्रतिकर के रूप में दस लाख बीस हज़ार प्रदान किये जाने का आदेश दिया गया।
उक्त प्रकरण में शासन की ओर से सफल अभियोजन संचालन श्री राजेन्द्र सिंह भदौरिया, जिला लोक अभियोजन अधिकारी / विशेष लोक अभियोजक, देवास, श्रीमती आशा शाक्यवार अतिरिक्त जिला लोक अभियोजन अधिकारी, जिला देवास एवं श्री उदल सिंह मौर्य, सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी, देवास द्वारा किया गया एवं कोर्ट मोहर्रिर आरक्षक रमेश बर्डे का विशेष सहयोग रहा।














