देवास (मध्य प्रदेश): शादी का झांसा देकर लाखों रुपये की ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का देवास पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। नाहर दरवाजा थाना पुलिस ने ‘लुटेरी दुल्हन’ सहित कुल 6 आरोपियों को इंदौर और राजगढ़ से गिरफ्तार कर लिया है। यह गैंग फर्जी शादी करवाकर पैसे ऐंठता था और मौका पाते ही दुल्हन फरार हो जाती थी। पुलिस ने पकड़े गए आरोपियों के पास से ₹1,18,500 की नकदी भी बरामद की है।
क्या है पूरा मामला? देवास के रहने वाले फरियादी जानकीलाल पुवाडिया ने 8 मई 2026 को नाहर दरवाजा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने पुलिस को बताया कि उनके बेटे अमन की शादी नहीं हो रही थी। इसी बीच अतरसिंह नाम के एक व्यक्ति ने उनसे संपर्क किया और 2 लाख रुपये खर्च होने की बात कहकर शादी कराने का झांसा दिया।
ठगों ने फरियादी को राजगढ़ जिले के जीरापुर ले जाकर सीमा यादव नामक युवती और उसकी कथित मौसी गीताबाई से मिलवाया। रिश्ता तय होने के बाद 6 मई 2026 को सीमा यादव को देवास लाया गया। यहाँ लिखापढ़ी के साथ अमन और सीमा की शादी करवा दी गई, जिसके एवज में फरियादी से 2 लाख रुपये नकद लिए गए। लेकिन, शादी की अगली ही रात लुटेरी दुल्हन सीमा यादव घर से फरार हो गई।
पुलिस ने की त्वरित कार्रवाई घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक (SP) पुनीत गेहलोद के निर्देश पर तुरंत एक्शन लिया गया। नाहर दरवाजा थाने में अपराध क्रमांक 121/26 के तहत धारा 318(4), 61(2) बीएनएस (BNS) का मामला दर्ज किया गया।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) जयवीर सिंह भदौरिया और नगर पुलिस अधीक्षक सुमित अग्रवाल के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी आलोक सोनी के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। मुखबिर की सटीक सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम:पुलिस ने इस सुनियोजित ठगी के आरोप में निम्नलिखित 6 लोगों को गिरफ्तार किया है:
- सीमाबाई (पिता रामखिलावन, उम्र 21 साल) – निवासी: पाली, जिला उमरिया (म.प्र.) (लुटेरी दुल्हन)
- गीता बाई (पति अर्जुन सिंह गुर्जर, उम्र 50 साल) – निवासी: जीरापुर, जिला राजगढ (म.प्र.) (कथित मौसी)
- अतरसिंह (पिता स्व. पूनमचंद लोधी, उम्र 64 साल) – निवासी: राघोगढ, हाल मुकाम- उत्तम नगर, ईटावा (म.प्र.) (बिचौलिया)
- कमल मालवीय (पिता धुलजी मालवीय, उम्र 50 साल) – निवासी: सांवेर रोड, इंदौर (म.प्र.)
- फारूक मंसुरी (पिता अमीन मंसुरी, उम्र 25 साल) – निवासी: दत्तरावदा, जीरापुर, जिला राजगढ (म.प्र.)
- कमल उर्फ दिलीप (पिता नाथूसिंह गुर्जर, उम्र 45 साल) – निवासी: बोरखेडी, थाना माकडोन, जिला उज्जैन
पुलिस टीम का सराहनीय कार्य इस पूरे रैकेट का भंडाफोड़ करने में नाहर दरवाजा थाना प्रभारी निरीक्षक आलोक सोनी, उप-निरीक्षक गणेशलाल जटिया, राकेश बौंरासी, सउनि कमल झोडिया और उनकी टीम (प्रआर नितेश द्विवेदी, यशवंत, भगवान, वासुदेव, मप्रआर अनिता, आर नवदीप, विकास, मप्रआर देविका, कशक, खुशबू) के साथ-साथ सायबर सेल देवास से प्रआर शिवप्रताप सिंह सेंगर और सचिन चौहान का विशेष और सराहनीय योगदान रहा। पुलिस मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है।
