देवास। लोन दिलाने के नाम पर इंदौर बैंक मैंनेजर एवं दलाल द्वारा लाखों रूपए की धोखाधड़ी करने का मामला सामने आया है। जिसकी शिकायत ग्राम गौरवा के टोंकखुर्द निवासी मनीष पटेल ने देवास पुलिस अधीक्षक एवं टोंकखुर्द में थाना प्रभारी से लिखित में की है। शिकायतकर्ता मनीष पटेल ने बताया कि मैंने इण्डसइंण्ड बैंक शाखा सिल्वर मॉल इंदौर से लोन हेतु अप्लाय किया था। बैंक द्वारा मेरा लोन रुपये 10,80,000/- (दस लाख अस्सी हजार रूपए) दिनांक 23.05.2019 को सेंशन हुआ था। लेकिन मुझे पुरा लोन न देते हुए सिर्फ रूपये 4,73,157/- (चार लाख तिहोत्तर हजार एक सौ सत्तावन रूपए) दिनांक 11.12.2019 को मेरे खाते बैंक ऑफ बडौदा शाखा देवास में जमा किये गये। उक्त पूरे लोन में मुझे बस यही राशि प्राप्त हुई है। लोन के एवज में लोन मैनेजर शिव चौधरी इंदौर एवं सुनिल पटेल निवासी ग्राम गौरवा ने मुझसे लोन पास कराने के लिए रूपए 2,50,000/- (दो लाख पचास हजार) मुझसे अलग से लिए थे। मैं लोन की किश्त दिनांक 07.07.2019 से हर माह रूपये 5170/- (पांच हजार एक सौ सत्तर) मेरे द्वारा नियमित रूप से जमा कर रहा हूँ। मुझे मेरे लोन कि बकाया राशि आज दिनांक तक नही मिल पाई है तथा मेरे द्वारा बैंक में फोन लगाने पर बैंक द्वारा बार-बार झांसा दिया जाता है व ओर रूपये कि मांग की जा रही है। उक्त लोन से मुझ पर कर्ज हो गया है। बैंक मैंनेजर व दलाल द्वारा मुझे बार-बार लालच देकर कहा जा रहा है कि हम आपको प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलवायेंगे। मेरे प्लाट कि रजिस्ट्री मेरी पत्नि के नाम से करवा दी गई। जिसमें भी मेरा काफी खर्च हुआ है। आज दिनांक तक मुझ प्रार्थी को कोई लाभ नही मिल पाया है। मनीष पटेल ने मांग की है कि बैंक मैनेजर शिव चौधरी व मेरे गांव के निवासी सुनील कुमार पर उचित कार्यवाही करते हुए मुझे मेरी बकाया लोन राशि वापस दिलाई जाए।
? चंचल भारतीय















