सत्ता की लड़ाई में कूदे कम्युटर बाबा सिंधिया गूट के विधायकों का विरोध करने लोकतंत्र बचाओ यात्रा लेकर देवास पंहुचे

देवास। मध्यप्रदेश में कांग्रेस एवं भाजपा के बीच सत्ता के संघर्ष में कम्प्युटर बाबा भी कूद गये है। यद्यपि सर्वविदित है कि फिलहाल प्रदेश में भाजपा का शासन है, लेकिन आगामी विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस छोड़कर भाजपा में आये ज्योतिरादित्य सिंधिया गूट के 25 विधायको की हार-जीत पर ही सत्ता का भविष्य टिका हुआ है। भाजपा और कांग्रेस के बीच छिड़े सत्ता के इस संघर्ष में मुख्यमंत्री शिवराजसिंह की सरकार में राज्यमंत्री का दर्जा प्राप्त करने के बाद सुर्खियों में आये कम्प्युटर बाबा भी कूद पड़े है। नर्मदा के अवैध उत्खनन के मुद्दे पर कम्प्युटर बाबा ने शिवराज का दामन छोड़ दिया और कांग्रेस के पाले में चले गये। 2018 के विधानसभा आम चुनाव में उन्होने शिवराज के विरोध में खासा प्रचार किया। 2019 के लोकसभा चुनाव से पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने उन्हे मॉ नर्मदा, मॉ क्षिप्रा, मॉ मंदाकनी नदी न्यास का अध्यक्ष बनाकर उपकृत कर दिया। 

लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान, बिना अनुमति भाजपा का विरोध करते हुए धुनी रमाकर खुब चर्चाओं में रहे। विधानसभा के आगामी उपचुनाव से पूर्व लोकतंत्र बचाओं यात्रा लेकर निकले कम्प्युटर बाबा एक प्रकार से सीधे सीधे राजनीति से जुड़े नजर आ रहे है। लोकतंत्र बचाओ यात्रा लेकर मंगलवार को देवास आये बाबा का कहना है कि वे भगवा लेकर लोकतंत्र बचाने निकले है, इतिहास गवाह है कि जब जब देश को नुकसान पंहुचाने की चेष्टा हुई है। संत आगे आये है। उन्हे कांगे्रस एवं भाजपा से कोई मतलब नहीं है, लेकिन यहॉ उनकी प्रेस वार्ता की पत्रकारो को सूचना, स्वागत से लेकर सम्पूर्ण व्यवस्था कांग्रेस द्वारा ही की गई। कांग्रेस के पक्ष में पत्रकारो के सवाल का जवाब देते हुए उन्होने कहा कि हम यह तो नहीं कह रहे कि आप फलॉ पार्टी को वोट देवे। हम तो उन विधायको का विरोध कर रहे है, जिन्हे जनता ने कांग्रेस में रहते हुए कमलनाथ के नेतृत्व में सरकार बनाने के लिये वोट दिये और बाद में मोटी रकम लेकर बिक गये, पाला बदलकर भाजपा में चले गये। हम अभी कोरोना काल में लोकतंत्र बचाओ यात्रा के माध्यम से मीडिया के द्वारा अपनी बात रख रहे है। उपचुनाव में हजारो की संख्या में संतो के साथ, 25 ही विधानसभा क्षेत्र में पाला बदलकर, लोकतंत्र का चीरहरण करने वाले विधायको के विरोध में प्रचार करेंगे।   5 अगस्त को अयोध्या में श्रीराम मंदिर निर्माण के भूमिपुजन के मुहूर्त पर उन्होने कहा कि आपने कहां सुना है चार्तुमास में कहीं शुभ कार्य होता है। वहीं नर्मदा जी के अवैध उत्खनन के प्रश्र पर कहा कि वे इसको लेकर लगातार आवाज उठाते रहेंगे। हमने अवैध उत्खनन करने वाली 35 पोकलेंड मशीनो का पकड़ा है। पत्रकार वार्ता में संत लोकतंत्र के हत्यारो को, जूते मारो गद्दारो को, नारे लिखी तख्तिया लिये हुए थे। कम्प्युटर बाबा सहित संतो का स्वागत शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष मनोज राजानी, पूर्व महापौर जय सिंह ठाकुर, शौकत हुसैन, पोप सिंह परिहार ,सुधीर शर्मा, संतोष मोदी, चंद्रपाल सिंह सोलंकी, जाकिर उल्ला ने किया। इस अवसर पर सेकड़ो की संख्या में कांग्रेस नेता उपस्थित थे।