देवास। आगामी 26 सितंबर से शारदीय नवरात्रि का महापर्व शुरू होने जा रहा है। नवरात्रि शहर में मनने वाले मुख्य त्योहारों में पहले स्थान पर है। इस बार नवरात्रि में नगर निगम देवास 26 से 28 सितंबर तक शहर में नगर गौरव दिवस मनाने की तैयारी में जुटा हुआ है। इस बार नवरात्रि में सम्पूर्ण नगर निगम क्षेत्र में मटन व चिकन के विक्रय पर प्रतिबंध लगाने की मांग को लेकर वार्ड क्र. 12 के पार्षद व भाजपा जिला महामंत्री राजेश यादव ने नगर निगम आयुक्त को एक पत्र लिखा है। जिसके बाद अब नगर निगम सभापति व वार्ड क्रमांक 26 से पार्षद रवि जैन ने भी निगम आयुक्त को माता टेकरी के आस पास 500 मीटर तक मास की दुकान बंद करने हेतु पत्र लिखा है।
देवास शहर में माता टेकरी के होने से प्रतिवर्ष नवरात्रि पर्व बड़ी ही धूमधाम से मनाया जाता है। अनेक शहरों से लाखो की संख्या में श्रद्धालु माता टेकरी पर दर्शन करने देवास पहुंचते है।
भाजपा महामंत्री, वार्ड क्रमांक 12 से पार्षद राजेश यादव ने पत्र में लिखा है कि देवास एक धार्मिक नगरी है जिसमें नवरात्रि पर्व में माता टेकरी पर दर्शन हेतु पूरे प्रदेश सहित देश से लाखो की संख्या मे श्रद्धालु आते हैं। हमारी धार्मिक मान्यताओं अनुसार नवरात्रि पर्व में मांसाहार पूर्णतः प्रतिबंधित रहता है। अतः हमारी धार्मिक आस्थाओं को ध्यान मे रखते हुए नवरात्रि पर्व में दिनांक 26/9/22 से 04/10/22 तक संपूर्ण देवास नगर निगम सीमा क्षेत्र में मटन/चिकन के विक्रय पर प्रतिबंध लगाया जाए।
सभापति, वार्ड क्रमांक 26 के पार्षद रवि जैन ने पत्र में लिखा है की दिनांक 26/09/2022 से 04/10/2022 तक नवरात्रि पर्व होने से माताजी के दर्शन के लिए श्रद्धालु का दूर दूर से आना जाना 24 घंटे लगा रहता है तथा धार्मिक आयोजन के साथ साथ भंडरों के रूप माताजी का प्रसाद वितराण होता रहता है, धार्मिक पर्व को ध्यान रखते हुये माता टेकरी के आसपास 500 मीटर के अन्दर संचालित होने वाली मटन मास की दुकाने बंद करने हेतु संबंधित विभागों को आदेशित करने का कष्ट करें।
दरअसल माता टेकरी से कुछ ही दूरी पर शहर के नागरिकों द्वारा भी विभिन्न गली मोहल्लों में माताजी की स्थापना की जाती है ऐसे में नवरात्रि में दर्शन करने जाने वाले श्रद्धालुओं एवं नागरिकों को मांस बेचे जाने का दृश्य व उसकी दुर्गन्ध असहज कर देती है। ऐसे में उनकी धार्मिक मान्यता व भावनाएं प्रभावित होती है। नवरात्रि में कई लोग नंगे पांव चलने का भी उपवास रखते है व कई मांस की दुकान की गंदगी अवारा कुत्ते खाते है और यहाँ वहाँ सड़को पर फहला देते है, ऐसे में लोगो की साधना को भी आहत होता है।
बीते दिनों इंदौर में पर्युषण पर्व के मद्देनजर मास विक्रय की दुकान पर प्रतिबंध लगाया गया था, इसके पूर्व अप्रैल में नवरात्रि में भी उत्तरप्रदेश सरकार व दक्षिण दिल्ली के महापौर द्वारा विक्रय पर प्रतिबंध लगाया गया था।
चुकी माँ तुलजा भवानी व चामुंडा माता का निवास होने के कारण नवरात्रि के 9 दिनों देश के कई हिस्सों से श्रद्धालुओं लाखो की संख्या में आते है इसलिए श्रद्धालुओं की भी यही राय है की देवास में भी नवरात्रि में मांस चिकन का विक्रय नही होना चाहिए।
