• पं. त्रिपाठी ने देवास भाजपा से 30 वर्षों के विकास को लेकर सवाल खड़े किए, बताई आगे की मांग और रणनीति..
देवास। प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कांग्रेसी नेता पंडित रितेश त्रिपाठी, गुरु चरण सिंह सलूजा, रोशन रायकवार, प्रदीप चौधरी, शिव नारायण सिंह हाड़ा, रमेश सांवलिया , दीपेश कानूनगो, इम्तियाज अहमद सिद्दीकी ने सामूहिक प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी दी।
प्रेस वार्ता में जानकारी देते हुए बताया कि नर्मदा हाटपिपलिया माइक्रो सिंचाई परियोजना की प्रशासनिक स्वीकृति के लिए पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने 7 फरवरी 2019 को पंडित रितेश त्रिपाठी के निवेदन पर परियोजना एवं प्रस्तावित डीपीआर बनाने के लिए विभागीय मंत्री सुरेंद्र सिंह बघेल को पत्र लिखा था। जिसकी डीपीआर बन कर भी तैयार हो गई थी, परंतु उक्त योजना को सरकार बदलने के बाद तत्कालीन भाजपा सरकार द्वारा ठंडे बस्ते में डाल दिया गया था। उसके बाद लगातार मांगे करते रहने व देवास से भोपाल पदयात्रा करने पर योजना को प्रशासकीय स्वीकृति हो गई। किन्तु यह योजना सिंचाई हेतु जल उपलब्ध होगा अभी यह पेजल हेतु लगातार मांग एवं आंदोलन करने की आवश्यकता है।
साथ ही कुल 462 ग्रामों में हाटपिपलिया, बागली विधानसभा एवं खातेगांव विधानसभा के 22 ग्रामों को भी जल मिलेगा आज प्रेस वार्ता करने का एक कारण यह भी है हमारे द्वारा लगातार सिंचाई के साथ ही 72 ग्राम में पेयजल भी नर्मदा का मिले यह मांग थी परंतु नर्मदा शिप्रा बहुउद्देशीय परियोजना से उज्जैन, नागदा, मक्सी, खाचरोद तराना राजगढ़ तक पेयजल व तराना की सिंचाई हेतु पानी दिया जा रहा है परंतु देवास जो नर्मदा नदी के सबसे नजदीक स्थित है व पाइप लाइन भी देवास के ग्रामों से होकर तराना जा रही है इतनी बड़ी चूक का जिम्मेदार कौन है यह भी जनता के सामने आना चाहिए।
पिछले 17 वर्षों से प्रदेश में भाजपा सरकार है और पिछले 30 वर्षों से देवास में भाजपा विधायक उनके द्वारा कौन से जन कार्य या जन हितेषी कार्य किया गया यह भाजपा के जनप्रतिनिधियों स्पष्ट करें। देवास के विकास में सिर्फ और सिर्फ कांग्रेस के जनप्रतिनिधियों का भी योगदान है चाहे प्रकाश चंद्र सेठी हो, चंद्रप्रभा शेखर हो, सज्जन सिंह वर्मा हो, देवास का संपूर्ण विकास जनता के हित के कार्य इन ही कांग्रेस जनप्रतिनिधियों द्वारा किया गया। वहीं भारतीय जनता पार्टी के जनप्रतिनिधियों के द्वारा जो देवास की जनता के द्वारा निर्वाचित किए गए उन्होंने क्या किया इस पर अनेक प्रश्न खड़े किए । इस अवसर पर शनि मंदिर समिति के नाथू सिंह ,हिम्मत सिंह ,मोहन सिंह , दीपेश हरोड़े, राजेश कुमावत, आदि उपस्थित थे।
आज की प्रेस वार्ता में रखी गई प्रमुख मांगों में:
1) देवास शहर को नर्मदा जल स्थाई रूप से मिले इस हेतु जिला प्रशासन शासन के माध्यम से नर्मदा घाटी विभाग से शीघ्र दर तय कर अनुबंध करें ।
2) देवास विधानसभा के 72 ग्रामीणों को पेयजल के लिए नर्मदा हाटपिपलिया माइक्रो सिचाई परियोजना में सम्मिलित किया जाए।
3) सोनकच्छ विधानसभा के अन्य योजना में छूटे 65 ग्रामों को भी जोड़ा जाए साथ ही हंडिया बैराज सिंचाई परियोजना में खातेगांव विधानसभा के से छूटे ग्रामों को जोड़ा जाए।
4) वर्षों से स्वीकृत नवीन केंद्रीय विद्यालय हेतु देवास शहर के आसपास शीघ्र भूमि उपलब्ध करवाई जाए, जिसके लिए हम लगातार प्रयास कर रहे हैं
5) मेंडकी चक से शिप्रा से बांगर उज्जैन रोड जा रही सड़क तक दो लेन की सेंटर लाइट सहित सीमेंट कंक्रीट सड़क बनाई जाए साथ ही सांवेर देवास को जोड़ने हेतु होशियारी एवं मकोडिया ग्राम शिप्रा नदी पर पुल का निर्माण किया जाए जिस से सांवेर व देवास की दूरी कम होगी वह उक्त सड़क जो कि भारत माला सड़क परियोजना की लिंक सड़क है उसका लाभ सांवेर एवं देवास के नागरिकों को मिलेगा इसके लिए शिप्रा का एक प्रतिनिधि मंडल लोक निर्माण विभाग के मंत्री महोदय से मिलेगा।
6) पिछले 17 वर्षों के शासन में जो सुविधा देवास शहर व जिले के नागरिकों को मिलना थी वह नहीं मिल पाई उसका कारण जनप्रतिनिधि गणों की उदासीनता स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही है देवास शहर में पानी की विकट समस्या को दूर करने के लिए माननीय श्री दिग्विजय सिंह जी द्वारा अपने कार्यकाल में शिप्रा आवर्धन योजना योजना स्वीकृत की गई थी एवं उसका भूमि पूजन भी किया गया था कांग्रेस शासन में पूर्व माननीय मंत्री श्री चंद्र प्रभा शेखर जी द्वारा दुनिया बुनियादी कार्य के बाद पूर्व मंत्री माननीय श्री सज्जन सिंह वर्मा जी द्वारा वर्षों से उपेक्षित विजया गंज सड़क की मंजूरी वह देवास शहर को सीवरेज एवं गेल गैस की सौगात दिलवाई थी 15 माह की कांग्रेस सरकार ने नर्मदा कालीसिंध परियोजना के कार्य को धरातल पर लाया था आवास नगर से शहर के पुराने एबी रोड पर 06 लेन सड़क के साथ ब्रिज की मंजूरी भी हुई थी अब भाजपा के प्रतिनिधि यह बताएं कि आप के 15 माह के कांग्रेस शासन की तुलना में 17 वर्षों के शासन में कौन सा बुनियादी कार्य शहर व जिले के हित में किया गया है।
