- 3 अलग- अलग मामलों में कियोस्क संचालकों की सूझ-बूझ से टले साइबर फ्रॉड…
देवास। साइबर फ्रॉड और डिजिटल अरेस्ट के बारे में जागरूकता अभियान ऑपरेशन साइबर चला रही है जिसकी सतर्कता देखने को भी मिल रही है। हाल ही में पुलिस के अभियान के कारण मिली जागरूकता से तीन अलग अलग प्रकरण में ठगी का शिकार होने से लोग बचे है।
तीन प्रकरण जीने ठगी का शिकार होने से बचे लोग
- फर्जी लिंक के माध्यम से अश्लील वीडियो और ठगी का प्रयास:
एक छात्र को मोबाइल पर एक फर्जी लिंक प्राप्त हुआ,जिस पर क्लिक करने पर अश्लील वीडियो प्रदर्शित हुआ बाद में उसे फोन आया कि उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज हो रही है और छात्र से 28,000 की मांग की गई। छात्र यह राशि जमा करने सतवास के जन्नत कियोस्क सेंटर पहुंचा। कियोस्क संचालक शाबिर खान ने छात्र को समझाइश देकर राशि जमा करने से रोका तथा फर्जी लिंक से सावधान रहने की सलाह दी, जिससे छात्र साइबर ठगी से बच गया। - ऑनलाइन भैंस खरीदी के नाम पर ठगी का प्रयास:
एक व्यक्ति से ऑनलाइन भैंस खरीदने के नाम पर 65,000 की सौदेबाज़ी की गई,जिसमें 10,000/- एडवांस मांगे गए। जब वह व्यक्ति यह राशि जमा करने कियोस्क पर पहुंचा, तो कियोस्क संचालक शाबिर खान ने पुनः सतर्कता बरतते हुए लिंक को फर्जी बताते हुए उसे ठगी से बचा लिया। - पुलिस बनकर ठगी का प्रयास:
म.प्र. ग्रामीण बैंक के कियोस्क संचालक अरविन्द गुर्जर के पास एक व्यक्ति आया और घबराहट में बताया कि उसका बेटा पुलिस की हिरासत में है और उसे छुड़ाने के लिए 28,000 ऑनलाइन भेजने को कहा गया है। गुर्जर ने तत्काल स्थिति की जांच करते हुए संबंधित युवक से संपर्क किया, जिसने स्पष्ट किया कि वह पूरी तरह सुरक्षित है। इस प्रकार, अरविन्द गुर्जर की सतर्कता से 28,000 की ठगी को रोका गया।
उक्त तीनों मामलों में कियोस्क संचालकों की सतर्कता और सूझ-बूझ ने आम नागरिकों को साइबर फ्रॉड से बचाया गया । उनके इस सराहनीय कार्य हेतु थाना प्रभारी सतवास बी.डी. बीरा द्वारा दोनों कियोस्क संचालकों को थाना परिसर में बुलाकर माला पहनाकर सम्मानित किया गया एवं उनके इस सराहनीय कार्य हेतु प्रशंसा की गई ।
दरअसल पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद के द्वारा नागरिकों को सायबर फ्रॉड से बचाने एवं फ्रॉड राशि फरियादी को पुनः वापस करवाने हुतु “ऑपरेशन सायबर” चलाया जा रहा है । जिस हेतु गृह मंत्रालय द्वारा सायबर हेल्पलाईन नम्बर 1930 एवं सायबर सेल देवास द्वारा हेल्पलाईन नम्बर 7587611376 जारी किया गया है । जिस पर आवेदक फ्रॉड होने या धमकी भरे कॉल आने की स्थिती में तत्काल सहायता प्राप्त कर सकता है जिससे की आम नागरिको को फ्रॉड होने से बचाया जा सके । इसी क्रम में निम्न लोगो को सायबर फ्रॉड होने से बचाया गया।

















