देवास कलेक्टर ने नवरात्रि पर्व के लिए जारी किए प्रतिबंधात्मक आदेश
• विभिन्न सार्वजनिक स्थानों पर स्थापित की जाने वाली प्रतिमा की ऊँचाई अधिकतम 06 फिट होगी तथा पंडाल का साईज 10×10 फीट अधिकतम रखा जा सकेगा | सभी मूर्तिकारों को तत्काल आवश्यक रूप से अवगत करा दिया जाए कि प्रतिमा की ऊँचाई 06 फिट या उससे कम रखा जाना बंधनकारी है।
• सामाजिक/सांस्कृतिक एवं अन्य कार्यक्रमों के आयोजन के सम्बन्ध में गृह मंत्रालय,भारत सरकार के दिनांक 29.08.2020 तथा गृह विभाग, म0प्र0 शासन के दिनांक 01.09.2020 के परिपत्रों अनुसार 100 से कम व्यक्तियों के आयोजन किए जा सकेंगें तथा इसके लिए आयोजक को जिला प्रशासन से पूर्वानुमति प्राप्त करना आवश्यक होगा ।
• कोविड संक्रमण को दृष्टिगत रखते हुए किसी भी धार्मिक/सामाजिक आयोजन के लिए चल समारोह निकालने की अनुमति नहीं होगी । साथ ही गरबा के आयोजन नहीं हो सकेंगे। लाउड स्पीकर बजाने के संबंध में माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा जारी की गई गाईड लाईन का पालन किया जाना अनिवार्य होगा |
• मूर्ति विसर्जन के लिए 10 से अधिक व्यक्तियों के समूह को अनुमति प्रदान नहीं की जावे। इसके लिए सम्बन्धित आयोजकों को पृथक से जिला प्रशासन से लिखित अनुमति पूर्व से प्राप्त किया जाना आवश्यक होगा ।
विसर्जन के लिए अधिक से अधिक उपयुक्त स्थानों का चयन किया जाए ताकि विसर्जन स्थल पर कम भीड़ हो ।
• सार्वजनिक स्थानों पर कोविड संक्रमण से बचाव के तारतम्य में झांकिया, पाण्डालों, गरबा विसर्जन के आयोजनों में श्रद्धालू फेस कवर, सोशल डिस्टेंसिंग एवं सेनेटाईजर का प्रयोग के साथ ही तथा राज्य शासन द्वारा समय-समय पर जारी किया गये निर्देशों को कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जावे।
• समस्त दुकानें रात्रि 8.00 बजे तक खोलने की अनुमति होगी। केमिस्ट, रेस्तरां, भोजनालाय, राशन एवं खान पान से संबंधित दुकाने 8.00 बजे के बाद भी अपने निर्धारित समय तक खुली रह सकती है। रात्रि 10.30 बजे से सुबह 06.00 बजे तक अकारण आवागमन न हो इसक लिए नियमित रूप से पेट्रोलिंग व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ।
• दुकानों का निरन्तर निरीक्षण कराया जाए । दुकान संचालकों से अपेक्षा है कि वह स्वयं मास्क पहने तथा ग्राहकों के उपयोग लिए सेनेटाईजर तथा सोशल डिस्टेंसिंग के लिए 1-1 गज की दूरी पर घेरे बनाए ।
उक्तादेश की व्यक्तिगत तामिली संभव नहीं है । अतः उक्तादेश एकपक्षीय रूप से जारी किया जाकर आमजन की सूचना हेतु दैनिक समाचार पत्रों/इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में प्रकाशित/प्रसारित कराया जा रहा है।
अपने अनुभाग क्षेत्र में संबंधित एसडीएम/एसडीओ (पी) आदेश का पालन सुनिश्चित कराएंगे, उल्लंघन की स्थिति में भारतीय दंड संहिता, 1860 की धारा 187,188, 269, 270, 271 एवं डिजास्टर मैनेजमेंट एक्ट 2005 तथा द एपिडेमिक डिसीज एक्ट 1897 के अंतर्गत कार्यवाही कर उल्लंघनकर्ता के विरुद्ध प्रकरण पंजीबद्ध किया जाएगा।
शेष आदेश यथावत् रहेंगे।

















