भागवत कथा में महिलाओं की चैन उड़ाने वाला अंतरराज्यीय गिरोह पकड़ा गया

देवास पुलिस ने 3 दिन में सुलझाई वारदात, 7 आरोपी गिरफ्तार; 50 लाख का माल बरामद

देवास। धार्मिक आयोजनों में श्रद्धालु बनकर महिलाओं के गले से सोने की चैन चोरी करने वाले अंतरराज्यीय संगठित गिरोह का देवास पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मात्र तीन दिनों में कार्रवाई करते हुए गिरोह के 7 सदस्यों को भोपाल से गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के कब्जे से 156 ग्राम वजन की 9 सोने की चैन, एक लग्जरी कार, 6 महंगे मोबाइल फोन सहित करीब 50 लाख रुपए का मशरूका जब्त किया गया है।

गिरोह में 4 महिलाएं और 3 पुरुष शामिल हैं। सभी आरोपी मूल रूप से तमिलनाडु के निवासी हैं तथा लंबे समय से दक्षिण दिल्ली में रह रहे थे। पुलिस के अनुसार गिरोह ने जून माह के पहले 15 दिनों में आगरा, ग्वालियर, शिवपुरी, जबलपुर और देवास में कुल 9 वारदातों को अंजाम दिया था।

भागवत कथा में हुई थी देवास की वारदात

11 जून को राधागंज निवासी सरोज अग्रवाल ने कोतवाली थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 10 जून को मंडी व्यापारी एसोसिएशन धर्मशाला में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के दौरान भीड़ का फायदा उठाकर किसी अज्ञात महिला ने उनके गले से करीब साढ़े तीन लाख रुपए कीमत की सोने की चैन और पेंडल चोरी कर लिया।

पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद के निर्देश पर गठित विशेष टीम ने ऑपरेशन त्रिनेत्रम के तहत सैकड़ों सीसीटीवी फुटेज खंगाले। जांच में सामने आया कि वारदात के बाद आरोपी करीब 500 मीटर पैदल चले, फिर ऑटो से लगभग 2 किलोमीटर दूर हाईवे तक पहुंचे और वहां खड़ी अपनी लग्जरी कार में बैठकर फरार हो गए।

भोपाल में अगली वारदात की तैयारी, उससे पहले दबोचा

सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्य और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंची। पता चला कि गिरोह भोपाल में अगली वारदात को अंजाम देने की तैयारी में था। पुलिस टीम ने भोपाल पहुंचकर घेराबंदी की और सभी 7 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

पूछताछ में आरोपियों ने देवास सहित आगरा, ग्वालियर, शिवपुरी और जबलपुर में कुल 9 चैन चोरी की घटनाओं को स्वीकार किया। सभी चोरी गई 9 सोने की चैन भी बरामद कर ली गई हैं।

महिला श्रद्धालुओं को बनाते थे निशाना

पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि गिरोह की महिला सदस्य भागवत कथा, प्रवचन, मेले, शोभायात्रा और अन्य धार्मिक आयोजनों में श्रद्धालु बनकर पहुंचती थीं। आरती, प्रसाद वितरण और भीड़भाड़ के दौरान महिलाओं के नजदीक जाकर बड़ी सफाई से उनके गले से सोने की चैन निकाल लेती थीं। वहीं पुरुष सदस्य निगरानी, परिवहन और चोरी के माल को ठिकाने लगाने का काम करते थे।

मोबाइल में मिली देशभर के धार्मिक आयोजनों की सूची

आरोपियों के मोबाइल फोन की जांच में देशभर में आयोजित होने वाले धार्मिक एवं सामाजिक आयोजनों की विस्तृत जानकारी मिली है। पुलिस को आशंका है कि गिरोह इन आयोजनों में पहुंचकर महिलाओं के आभूषण चोरी करने की योजना बना रहा था। बरामद सूची के आधार पर संबंधित राज्यों की पुलिस को भी अलर्ट किया जा रहा है।

जब्त मशरूका

  • 9 सोने की चैन, वजन लगभग 156 ग्राम, कीमत करीब 26 लाख रुपए
  • वारदात में प्रयुक्त टाटा हेक्सा कार, कीमत लगभग 20 लाख रुपए
  • 6 मोबाइल फोन, कीमत लगभग 4 लाख रुपए
  • 3,500 रुपए नकद

कुल बरामद संपत्ति : लगभग 50 लाख रुपए

गिरफ्तार आरोपी

जया, ज्योति, मग्मा, देवी, देवेंद्र, रवि एवं राहुल, सभी निवासी दक्षिण दिल्ली (मूल निवासी तमिलनाडु)।

अन्य अपराध भी दर्ज

पुलिस के अनुसार आरोपियों के खिलाफ दिल्ली, मुंबई और हरियाणा में चोरी एवं लूट के कुल 6 अन्य मामले भी दर्ज हैं।

स्पोर्ट्स पार्क में गार्ड ने बच्चों को कमरे में किया बंद, वीडियो वायरल होने पर मचा हंगामा

देवास। एबी रोड स्थित स्पोर्ट्स पार्क में बच्चों को कमरे में बंद किए जाने का मामला सामने आने के बाद रविवार को शहर में हड़कंप मच गया। घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें कमरे में बंद बच्चे रोते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो सामने आते ही नगर निगम प्रशासन हरकत में आया और मामले की जांच शुरू कर दी गई।

जानकारी के अनुसार यह घटना 12 जून की बताई जा रही है। बताया जाता है कि कुछ बच्चे स्पोर्ट्स पार्क में क्रिकेट खेल रहे थे। खेल के दौरान गेंद पार्क के बाहर चली गई, जिसे लेने के लिए बच्चे सुरक्षा जाल (नेट) के पास पहुंचे। इसी दौरान वहां तैनात गार्ड ने बच्चों पर जाल को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया और उन्हें पार्क परिसर के एक कमरे में बंद कर दिया।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बच्चों को करीब 15 मिनट तक कमरे में बंद रखा गया। इस दौरान बच्चे लगातार रोते रहे और बाहर निकलने की गुहार लगाते रहे। बच्चों के रोने की आवाज सुनकर वहां से गुजर रहे एक व्यक्ति ने हस्तक्षेप किया और उन्हें कमरे से बाहर निकलवाया।

रविवार को घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोगों में नाराजगी देखने को मिली। मामला तूल पकड़ने पर नगर निगम सभापति रवि जैन मौके पर पहुंचे और संबंधित गार्ड के व्यवहार पर नाराजगी जताई। उन्होंने जिम्मेदार गार्ड तथा संबंधित एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की बात कही।

स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों ने भी बच्चों के साथ इस प्रकार का व्यवहार किए जाने पर आपत्ति जताते हुए दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है। वहीं नगर निगम प्रशासन ने पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कदम उठाने का आश्वासन दिया है।

12 घंटे में सुलझा ब्लाइंड मर्डर: दोस्त ही निकले कातिल, पैसों के विवाद में की थी युवक की हत्या

देवास। थाना टोंकखुर्द पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर एक अंधे कत्ल का पर्दाफाश करते हुए हत्या के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। चौंकाने वाली बात यह है कि मृतक की हत्या उसके ही दो करीबी दोस्तों ने पैसों के लेन-देन और चोरी की शंका के चलते की थी। वारदात के बाद आरोपी घटनास्थल पर मौजूद रहकर पुलिस को गुमराह करने का प्रयास भी करते रहे, लेकिन सख्त पूछताछ में उन्होंने अपना अपराध स्वीकार कर लिया।

पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार 13 जून 2026 को डायल-112 के माध्यम से सूचना मिली कि ग्राम आलरी स्थित एक आर.ओ. प्लांट में एक युवक का शव पड़ा हुआ है। सूचना मिलते ही थाना टोंकखुर्द पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। प्रारंभिक जांच में मामला हत्या का प्रतीत होने पर पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित कर साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई शुरू की।

पुलिस अधीक्षक देवास श्री पुनीत गेहलोद के निर्देशानुसार अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) श्री एच.एन. बाथम के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी सोनकच्छ श्री संजय सिंह बैंस के निर्देशन में थाना प्रभारी निरीक्षक हितेश पाटिल के नेतृत्व में विशेष टीम गठित कर जांच प्रारंभ की गई।

जांच के दौरान पुलिस ने मृतक के परिजनों, दोस्तों और अन्य संबंधित लोगों से गहन पूछताछ की। विवेचना में मिले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर मृतक के दो करीबी मित्रों को संदेह के आधार पर हिरासत में लिया गया। शुरुआत में दोनों ने पुलिस को भ्रमित करने की कोशिश की, लेकिन वैज्ञानिक एवं तथ्यात्मक साक्ष्यों के आधार पर की गई सघन पूछताछ में उन्होंने हत्या की वारदात कबूल कर ली।

आरोपियों ने बताया कि मृतक के साथ उनका पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद चल रहा था। साथ ही उन्हें मृतक पर चोरी का भी संदेह था। इसी रंजिश के चलते दोनों ने मिलकर अपने ही मित्र की हत्या कर दी।

पुलिस ने मामले में आरोपी राहुल रावत एवं मोहित प्रजापत, दोनों निवासी ग्राम आलरी, थाना टोंकखुर्द, जिला देवास को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों के विरुद्ध हत्या का प्रकरण दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

गिरफ्तार आरोपी

  1. राहुल रावत पिता जयसिंह रावत, निवासी ग्राम आलरी, थाना टोंकखुर्द, जिला देवास।
  2. मोहित प्रजापत पिता परमानंद प्रजापत, निवासी ग्राम आलरी, थाना टोंकखुर्द, जिला देवास।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई और सटीक जांच के चलते महज 12 घंटे में हत्या की गुत्थी सुलझने से क्षेत्र में पुलिस की कार्यशैली की सराहना की जा रही है।

पुरुषोत्तम मास शिवरात्रि पर शनि मंदिर में सजा आम का भव्य बंगला, श्रद्धालुओं में उत्साह

देवास। पुरुषोत्तम मास शिवरात्रि के पावन अवसर पर शनिवार को मीरा बावड़ी स्थित शनि मंदिर में भगवान शिव एवं शनिदेव का विशेष श्रृंगार कर आकर्षक आम का बंगला सजाया गया।

मंदिर में की गई मनोहारी सजावट श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी रही। सुबह से ही बड़ी संख्या में भक्तों ने मंदिर पहुंचकर दर्शन किए और धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लिया। मंदिर पुजारी पंडित अजय कुमार ने बताया कि पुरुषोत्तम मास शिवरात्रि के उपलक्ष्य में मंदिर को आम के फलों एवं पत्तों से विशेष रूप से सजाकर बंगला तैयार किया गया है। इस अनूठी सजावट का उद्देश्य श्रद्धालुओं को धार्मिक आस्था के साथ-साथ भारतीय संस्कृति एवं परंपराओं से जोड़ना है। उन्होंने बताया कि भगवान शिव का विशेष पूजन-अर्चन, अभिषेक एवं आरती संपन्न हुई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। इस पवित्र मास में भगवान शिव एवं भगवान विष्णु की आराधना का विशेष महत्व माना गया है, जिससे भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।

प्रेमकुमार अग्रवाल आत्महत्या मामला: 100 करोड़ की धोखाधड़ी से टूटे कॉलोनाइजर ने दी जान! सुसाइड नोट में 6 लोगों के नाम, बेटे ने मांगा न्याय

• छह लोगों पर आत्महत्या के लिए उकसाने का प्रकरण दर्ज

देवास। शहर के चर्चित कॉलोनाइजर प्रेम कुमार अग्रवाल की गुरुवार को हुई संदिग्ध मौत का मामला अब आत्महत्या के रूप में सामने आया है। मामले में एक सुसाइड नोट भी सामने आया है, जिसे परिजनों ने पुलिस को सौंप दिया है। वहीं यह सुसाइड नोट सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। नोट में एक रिश्तेदार सहित दो कॉलोनाइजर और तीन अन्य व्यक्तियों के नाम दर्ज हैं, जिन पर करीब 100 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने प्रारंभिक जांच के बाद छह लोग राजेश अग्रवाल, गौरव जैन, विशाल जैन, मुकेश जैन, सुमेर सिंह ओर सचिन के खिलाफ धोखाधड़ी और आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है। पुलिस अभी विवेचना कर रही है आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही की जा सकती है।

जानकारी के अनुसार, प्रेम कुमार अग्रवाल की गुरुवार को इंदौर बायपास स्थित एक अस्पताल में मौत हो गई थी। इसके बाद उनका पोस्टमार्टम सांवेर के शासकीय अस्पताल में कराया गया। शुक्रवार को उनका अंतिम संस्कार किया गया। घटना के बाद से पूरे शहर में इस मामले को लेकर चर्चाओं का दौर जारी है।

देर रात परिजन पहुंचे थाने : मामला आत्महत्या का होने की पुष्टि के बाद गुरुवार देर रात परिजन औद्योगिक थाना पहुंचे और पुलिस को सुसाइड नोट सौंपते हुए पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। बताया जा रहा है कि सुसाइड नोट में मृतक ने कुछ लोगों द्वारा आर्थिक रूप से प्रताड़ित किए जाने और बड़े स्तर पर धोखाधड़ी का उल्लेख किया है।

बेटे ने लगाए गंभीर आरोप : मृतक के पुत्र विनायक अग्रवाल ने मीडिया के सामने आकर न्याय की मांग की है। उन्होंने कहा कि उनके पिता लंबे समय से मानसिक तनाव में थे और जिन लोगों के नाम सुसाइड नोट में लिखे गए हैं, वे उन्हें लगातार परेशान कर रहे थे।विनायक अग्रवाल ने कहा, “मैं प्रशासन और पुलिस से निवेदन करता हूं कि हमारे परिवार को न्याय मिले। सुसाइड नोट में जिन लोगों के नाम हैं, उनके खिलाफ निष्पक्ष जांच कर कड़ी कार्रवाई की जाए।”उन्होंने बताया कि अंतिम समय में उनके पिता ने स्वयं यह सुसाइड नोट उन्हें सौंपा था और कहा था कि इसमें उन लोगों के नाम लिखे हैं जिन्होंने उन्हें सबसे अधिक परेशान किया।

पुलिस ने शुरू की जांच : शिप्रा थाने से मर्ग डायरी प्राप्त होने के बाद औद्योगिक थाना पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि सुसाइड नोट सहित सभी तथ्यों की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।फिलहाल पूरे मामले पर शहर की नजरें टिकी हुई हैं और पुलिस जांच के निष्कर्षों का इंतजार किया जा रहा है।

प्रेमकुमार अग्रवाल आत्महत्या मामला: छह लोगों पर धोखाधड़ी व आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज

शहर के चर्चित प्रेमकुमार अग्रवाल आत्महत्या मामले में औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। पुलिस ने राजेश अग्रवाल, गौरव जैन, विशाल जैन, मुकेश जैन, सुमेर सिंह एवं सचिन के विरुद्ध धोखाधड़ी तथा आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित (उकसाने) करने संबंधी धाराओं के तहत मामला कायम कर जांच शुरू कर दी है।पुलिस सूत्रों के अनुसार मामले की जांच के दौरान प्राप्त तथ्यों, दस्तावेजों एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर उक्त कार्रवाई की गई है। प्रारंभिक जांच में सामने आए बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए आरोपियों के खिलाफ विधिसम्मत प्रकरण दर्ज किया गया है।

गौरतलब है कि कॉलोनाइजर प्रेमकुमार अग्रवाल की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद मामला आत्महत्या का सामने आया था। घटना के बाद एक कथित सुसाइड नोट भी सामने आया था, जिसे परिजनों द्वारा पुलिस को सौंपा गया था। इसी मामले में पुलिस लगातार विभिन्न पहलुओं की जांच कर रही थी।

प्रकरण दर्ज होने के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है। पुलिस का कहना है कि जांच अभी जारी है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। वहीं आरोपियों की भूमिका की भी विस्तृत जांच की जा रही है।

इस मामले में शिप्रा थाने से जीरो पर मार्ग आया था। मर्ग कायम कर जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी। शशिकांत चौरसिया, थाना प्रभारी औद्योगिक क्षेत्र

छह दिन से लापता मजदूर तेजू निहाल, अब तक नहीं लगा सुराग, पुलिस कर रही जांच

देवास। जिले के थाना सोनकच्छ क्षेत्र अंतर्गत गंधर्वपुरी फाटे से एक व्यक्ति के लापता होने का मामला सामने आया है। गुमशुदा की पत्नी ने थाने पहुंचकर अपने पति की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई है। जानकारी के अनुसार, पाल नगर निवासी महिला ने पुलिस को बताया कि वह मजदूरी का कार्य करती है। उसकी पुत्री बब्ली की सगाई 1 जून 2026 को राजेंद्र नगर, पिपल्या बक्सु में आयोजित की गई थी। सगाई समारोह में वह अपने पति तेजू पिता भीमसिंह निहाल के साथ शामिल होने गई थी। महिला के अनुसार, सगाई कार्यक्रम समाप्त होने के बाद दोनों देवास की ओर लौट रहे थे। इस दौरान उसके पति ने शराब का सेवन कर रखा था। शाम करीब 5 बजे गंधर्वपुरी फाटे पर पति ने उसे बस में बैठाकर घर जाने के लिए कहा और स्वयं मोटरसाइकिल क्रमांक MP 09 JT 2819 से देवास की ओर रवाना हो गया। महिला बस से अपने घर पाल नगर पहुंच गई, लेकिन उसके पति घर वापस नहीं लौटे। प्रारंभ में उसे लगा कि वे कहीं चले गए होंगे और वापस आ जाएंगे, क्योंकि इससे पहले भी एक बार वे घर छोड़कर जा चुके थे। हालांकि घटना के छह दिन बीत जाने के बाद भी उनका कोई पता नहीं चल सका है। गुमशुदा तेजू निहाल अपने साथ मोटरसाइकिल भी लेकर गए थे। परिजनों की शिकायत पर थाना सोनकच्छ पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है। जिस किसे भी उक्त व्यक्ति के बारे मै जानकारी लगे वह मो. न. 8815088404 पर बता सकता है।

शिप्रा बैराज से मांगलिया को पानी देने के अनुबंध के मामले में कांग्रेस ने की प्रेस कॉन्फ्रेंस

देवास। जिला शहर कांग्रेस कमेटी देवास द्वारा बुधवार को उज्जैन रोड स्थित अमर मोहिनी परिसर में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर नगर निगम द्वारा प्रस्तावित क्षिप्रा बैराज अनुबंध और जल वितरण व्यवस्था को लेकर कई सवाल उठाए गए। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि नगर निगम और जनप्रतिनिधियों द्वारा जनता को वास्तविक तथ्यों से अवगत नहीं कराया जा रहा है।

प्रेस वार्ता में जिला शहर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष प्रयास गौतम, जिला कांग्रेस अध्यक्ष मनीष चौधरी एवं समिति संयोजक प्रदीप चौधरी मौजूद रहे। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि देवास नगर निगम शहर के हितों को ध्यान में रखते हुए क्षिप्रा बैराज से संबंधित अनुबंध को निरस्त करे। उनका कहना है कि मांगलिया क्षेत्र से जुड़े इस अनुबंध को देवास की जनता स्वीकार नहीं करती।
कांग्रेस ने विधायक प्रतिनिधि द्वारा हाल ही में आयोजित प्रेस वार्ता पर भी सवाल खड़े किए। नेताओं ने कहा कि यदि नगर निगम और जनप्रतिनिधि जनता के हित में कार्य कर रहे हैं तो उन्हें इस विषय पर खुलकर जवाब देना चाहिए और शासन से प्राप्त पत्रों को सार्वजनिक करना चाहिए।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि नगर निगम में आयोजित बैठकों के माध्यम से पार्षदों पर दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने मांग की कि इस महत्वपूर्ण विषय पर परिषद की बैठक के बजाय सभी 45 वार्डों के पार्षदों की राय सार्वजनिक रूप से ली जाए, ताकि जनता के सामने पूरी स्थिति स्पष्ट हो सके।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि देवास की जनता के पैसे से किए गए खर्च और बैराज निर्माण से जुड़े ऋण की जानकारी भी सार्वजनिक की जानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि शहर की जल आवश्यकता सर्वोपरि है और देवास की जनता के हितों से समझौता नहीं होना चाहिए।
प्रेस वार्ता के दौरान कांग्रेस ने नगर निगम प्रशासन, महापौर एवं संबंधित जनप्रतिनिधियों से इस पूरे मामले में पारदर्शिता बरतने तथा जनता के समक्ष स्पष्ट जवाब रखने की मांग की। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि शहर के नागरिकों को जल प्रबंधन और बैराज अनुबंध से जुड़े सभी तथ्यों की जानकारी मिलना उनका अधिकार है।

801 अनानास, 51 किलों संतरों से हुआ श्री खेड़ापति दरबार का श्रृंगार-

बड़े मंगलवार पर उज्जैन के कलाकारों ने सजाया दरबार

देवास। महात्मा गांधी मार्ग स्थित श्री खेड़ापति मारुति मंदिर में मंगलवार को बड़े मंगलवार के अवसर पर भगवान हनुमान का 801 अनानास, 51 किलों संतरों एवं विभिन्न प्राकृतिक सजावटी सामग्री से भव्य और आकर्षक श्रृंगार किया गया। जिसने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। भगवान के इस अनूठे स्वरूप के दर्शन करने के लिए सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचने लगे।

मंदिर के पुजारी पंडित दर्शन उपाध्याय ने बताया कि ज्येष्ठ माह के बड़े मंगलवारों के उपलक्ष्य में मंदिर में विशेष धार्मिक आयोजन किए जा रहे हैं। इसी क्रम में भगवान श्री खेड़ापति मारुति का 801 अजनास व संतरों से विशेष श्रृंगार किया गया। भगवान हनुमान का यह मनोहारी और अनूठा स्वरूप श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का प्रमुख केंद्र बना रहा। दर्शन के लिए सुबह से लेकर देर शाम तक भक्तों का आना-जाना लगा रहा। भगवान के इस विशेष श्रृंगार को तैयार करने के लिए उज्जैन से सहायक कलाकारों की एक टीम देवास पहुंची थी। कलाकारों ने कई घंटों की मेहनत और रचनात्मकता के साथ इस श्रृंगार को आकार दिया। करीब 8 से 10 कलाकारों की टीम ने श्री खेडापति सरकार के दरबार का भव्य स्वरूप तैयार किया। देर शाम तक भक्तों की आवाजाही जारी रही और मंदिर परिसर जय श्री राम एवं जय बजरंगबली के जयघोषों से गूंजता रहा।

इंस्टाग्राम पर प्रेमजाल बिछाकर नाबालिग से लाखों की ठगी, आरोपी व सहयोगी महिला गिरफ्तार

शादी का झांसा देकर 8 से 10 लाख रुपये और आभूषण हड़पे, सोशल मीडिया के जरिए बनाया था भरोसा

देवास। सोशल मीडिया पर प्रेम संबंध बनाकर नाबालिग को अपने जाल में फंसाने और उससे लाखों रुपये व आभूषण हड़पने वाले आरोपी को औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मामले में आरोपी की सहयोगी महिला को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया।

पुलिस अधीक्षक श्री पुनीत गेहलोद के निर्देश पर सोशल मीडिया के माध्यम से होने वाली आर्थिक ठगी और साइबर अपराधों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई।

पुलिस के अनुसार, मिश्रीलाल नगर एक्सटेंशन निवासी एक महिला ने 3 जून 2026 को थाना औद्योगिक क्षेत्र में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी नाबालिग पोती के माध्यम से उसके बैंक खाते से बड़ी राशि ट्रांसफर कर दी गई है। बैंक खाते की जांच में पाया गया कि खाते में केवल 19 रुपये शेष बचे हैं तथा लाखों रुपये आशीष डामोर नामक युवक के खाते में भेजे गए हैं।

जांच के दौरान नाबालिग बालिका ने बताया कि उसकी पहचान दिसंबर 2024 में इंस्टाग्राम के जरिए आशीष डामोर से हुई थी। आरोपी ने उससे विवाह करने का झांसा देकर विश्वास जीता और रुपये दोगुना कर लौटाने का लालच दिया। इसके बाद उसने बालिका से उसके दादा-दादी के बैंक खातों से लगभग 8 से 10 लाख रुपये अपने खाते में ट्रांसफर करवा लिए। इतना ही नहीं, घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण भी अपने कब्जे में ले लिए और बाद में संपर्क समाप्त कर दिया।

शिकायत के आधार पर थाना औद्योगिक क्षेत्र में अपराध क्रमांक 484/2026 दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) श्री जयवीर सिंह भदौरिया के मार्गदर्शन तथा नगर पुलिस अधीक्षक श्री सुमित अग्रवाल के निर्देशन में थाना प्रभारी श्री शशिकांत चौरसिया के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर सूचना के आधार पर आरोपी आशीष उर्फ जैकब डामोर (24 वर्ष) निवासी उज्जैन, हाल मुकाम देवास को गिरफ्तार किया।

पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि ठगी से प्राप्त संपत्ति का कुछ हिस्सा उसने अपनी बहन को दिया था। इसके आधार पर पुलिस ने उसे भी सह-आरोपी बनाकर गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है तथा मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।

पुलिस की अपील

  • सोशल मीडिया पर बने रिश्तों पर बिना सत्यापन के विश्वास न करें।
  • विवाह, नौकरी, निवेश या रुपये दोगुना करने जैसे प्रलोभनों से सावधान रहें।
  • नाबालिग बच्चों की ऑनलाइन गतिविधियों पर निगरानी रखें तथा बैंक खाते, ओटीपी और पासवर्ड जैसी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें।
  • किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 या निकटतम पुलिस थाने में सूचना दें।

सराहनीय भूमिकाइस कार्रवाई में थाना प्रभारी श्री शशिकांत चौरसिया, उपनिरीक्षक गौरव नगावत, प्रधान आरक्षक सुरेश धाकड़, आरक्षक लक्ष्मीकांत शर्मा तथा महिला आरक्षक स्वप्नील की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

आबकारी विभाग की कार्रवाई: 56 बल्क लीटर अवैध शराब जब्त, एक आरोपी गिरफ्तार

देवास। कलेक्टर ऋतुराज सिंह के निर्देशन एवं सहायक आबकारी आयुक्त मनीष खरे के मार्गदर्शन में आबकारी विभाग द्वारा अवैध मदिरा के निर्माण, विक्रय एवं परिवहन के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में सोमवार को आबकारी विभाग ने ग्राम मानकुंड में कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में अवैध देशी एवं विदेशी शराब जब्त की।आबकारी विभाग को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम मानकुंड, तहसील हाटपीपल्या स्थित एक मकान में अवैध शराब का भंडारण किया गया है। सूचना के आधार पर आबकारी टीम ने मौके पर पहुंचकर मकान एवं वाहन स्वामी की विधिवत तलाशी ली। तलाशी के दौरान कमरे से 173 पाव देशी मदिरा प्लेन, 34 कैन बीयर तथा 11 बोतल व्हिस्की बरामद की गई।

जप्त की गई देशी एवं विदेशी मदिरा की कुल मात्रा 56.3 बल्क लीटर है। प्रारंभिक जांच में शराब का अवैध रूप से संग्रह किया जाना पाया गया। इस पर मध्य प्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 34(1)(क) एवं 34(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर आरोपी भवन स्वामी को गिरफ्तार कर लिया गया।आबकारी विभाग के अनुसार जब्त की गई शराब की अनुमानित कीमत करीब 29 हजार 711 रुपये है।कार्रवाई में आबकारी उपनिरीक्षक प्रेम यादव, मुख्य आरक्षक राजाराम रायकवार, आरक्षक अरविंद जिनवाल, निकिता परमार, निहाल खत्री तथा सैनिक किशोर सिसोदिया शामिल रहे। विभाग ने बताया कि अवैध शराब के विरुद्ध इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी।